अब मां, बीवी के नाम से ही मिलेंगे सस्ते मकान!

Posted on July 11 2015 by pits

नई दिल्लीः अब सस्ते मकान लेने का सपना पूरा होगा। सरकार ने आर्थिक रूप से कमजोर (ईडब्लूएस) या निम्न आय वर्ग (एलआईजी) की महिलाओं को आर्थिक रूप से सशक्त बनाने की दिशा में एक कदम उठाया है।

अब सस्ते आवास स्कीम के तहत फ्लैट या तो मां और पत्नी के नाम होना चाहिए या लाभार्थी के साथ मकान मालिक के रूप में उनका नाम भी होना चाहिए। सस्ते आवास स्कीम के तहत पंजीकरण के दौरान उनके नामों को शामिल किया जाएगा।

इस प्रावधान को सरकार की फ्लैगशिप स्कीम ‘हाऊसिंग फॉर ऑल’ जिसका नाम प्रधानमंत्री आवास योजना (पीएमएवाई) भी रखा जा रहा है में भी शामिल किया जाएगा। सरकार ने अगले 7 सालों में गरीब वर्ग के लोगों के लिए दो करोड़ घर बनाने का लक्ष्य रखा है। इस स्कीम के तहत ग्राऊंड फ्लोर और निचले फ्लोर के फ्लैटों के आवंटन के दौरान विकलांगों और वृद्ध लोगों को प्राथमिकता दी जाएगी। इस संबंध में दिशानिर्देश समेत पर्याप्त प्रावधान शामिल किए गए हैं।

एक सरकारी अधिकारी ने बताया कि महिला के नाम फ्लैट के मालिकाना हक का प्रावधान इसलिए शामिल किया गया है ताकि उनको घरेलू मामलों में ज्यादा अधिकार मिल सके। कई राज्यों ने महिलाओं को सशक्त बनाने की दिशा में कदम उठाए हैं जैसे महिलाओं के नाम पर घर रजिस्टर्ड होने की स्थिति में स्टाम्प ड्यूटी और बिजली बिल में छूट दी जाती है।

प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी गुरुवार को पूर्व पीएम अटल बिहारी वाजपेयी (अमरुत) के नाम पर हाउसिंग, स्मार्ट सिजीट और शहरी नवीनीकरण कार्यक्रम शुरू करने वाले हैं। सूत्रों ने बताया कि अमरुत और स्मार्ट सिटीज के तहत बच्चों और बुजुर्गों की जरूरतों को पूरा करने के लिए हरित एवं खुले स्थानों के निर्माण पर विशेष रूप से ध्यान केंद्रित किया जाएगा।

Powered By Indic IME