एप्पल की फैक्ट्री का हैरान करनेवाला कड़वा सच

Posted on December 28 2014 by pits

जालंधर: चीन में एप्पल प्रोडक्टस की फैक्ट्री में वर्कर्स के लिए तय नियमों की सरेआम धज्जियां उड़ाई जा रही हैं. फैक्ट्री में काम कर रहे वर्कर्स से एक दिन में 16-16 घंटे काम लिया जा रहा है. इसका खुलासा बी.बी.सी. की एक वीडियो रिपोर्ट से हुआ है, जिसको गुप्त तरीके साथ बनाया गया है. गौरतलब है कि यह वीडियो चोरी-छिपे ढंग के साथ एक रिपोर्टर ने बनाया है, जिसको चीन में एप्पल प्रोडक्टस की निर्माता कंपनी पैगाट्रान में नौकरी मिली थी.

बता दें कि इस वीडियो ने एप्पल का सामान बनाने वाले वर्कर्स की सुरक्षा और सेहत की चिंता को ताजा कर दिया है. बी.बी.सी. के स्टिंग ऑपेरशन दौरान कई गंभीर मुद्दे सामने आए हैं. सबसे पहले तो इस बात का खुलासा हुआ कि फैक्ट्री में नौकरी मिलते ही वर्कर्स के आई.डी. कार्ड जब्त कर लिए जाते हैं. वीडियो बनाने वाले रिपोर्टर का भी आई.डी. कार्ड जब्त कर लिया गया था. वीडियो अनुसार वर्कर्स को खड़े होने के साथ ही नाइट शिफ्ट में भी काम करना पड़ता है. शिफ्ट का समय 16 घंटे या उस से भी अधिक हो सकता है. मशीनों के सामने झपकी लेना भी खतरे से खाली नहीं, क्योंकि यह बिजली की तारों के साथ जुड़ी होती हैं और सावधानी हटने पर जान भी जा सकती है.

रिपोर्टर ने बताया कि उसने हफ्ते में एक छुट्टी किए बिना 18 दिनों तक लगातार काम किया. हालांकि इस रिपोर्ट के सामने आने के बाद एप्पल ने ई-मेल भेजी है जिसको कई मीडिया अधार्यें की तरफ से प्रकाशित किया गया है. लम्बी-चौड़ी इस मेल में बी.बी.सी. के दावों पर एप्पल के सीनियर वाइस प्रैजीडैंट आफ आप्रेशन विलिअम जेफ ने कहा है कि पैगाट्रान की स्थिति को सुधारने के लिए एप्पल प्रतिबद्ध है. कंपनी की तरफ से कहा गया है कि हर आडिट में उनको नियमों का उल्लंघन की बात दिखाई दी है. इसी के साथ कई ओर भी परेशानियों के बारे में जानकारी मिली है, जिनको दूर करने की कोशिश की जा रही है. इस रिपोर्ट में लगभग वह ही मुद्दे उठ रहे हैं जो आज से तीन साल पहले न्यूयार्क पोस्ट की तरफ से की गई जांच में उठे थे.

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