हुई इंसानियत तार-तार पाकिस्तान का अब तक का सबसे बर्बर हमले का घटनाक्रम

Posted on December 21 2014 by pits

पेशावर: पाकिस्तान के पेशावर के एक आर्मी स्कूल में हुए हमले के बाद छात्रों को बचाने के लिए पाकिस्तानी सेना का अभियान तालिबानी आतंकवादियों के साथ नौ घंटे के संघर्ष के बाद समाप्त हो गया. इस हमले में 140 स्कूली बच्चों और नौ स्कूल के स्टाफ समेत 149 लोग मारे गए है और 245 अन्य घायल हुए हैं. हमले में सभी नौ आतंकवादी भी मारे गए.

आईए आपको बताते है शर्मसार करनेवाले इस खुनी हमले का घटनाक्रम-

1)  पेशावर स्कूल पर हमले की पहली खबर गत मंगलवार को स्थानीय समय के अनुसार दोपहर 12:00 बजे मिली.

2)  हमलावर स्थानीय समयानुसार सुबह 10 बजे आर्मी की वर्दी पहने स्कूल में दाखिल हुए. जब तक स्कूल के कर्मचारी और सुरक्षा गार्ड कुछ समझ पाते हमलावरों ने अंधाधुंध फायरिंग करनी शुरू कर दी.

3)  आंतकी स्कूल के एक-एक कमरे में जाकर बच्चों पर फायरिंग कर रहे थे. एक प्रत्यक्षदर्शी ने जियो टीवी को बताया कि उस दौरान स्कूल के ऑडिटोरियम में फौज के प्रशिक्षक बच्चों को प्राथमिक चिकित्सा की ट्रेनिंग दे रहे थे.

4)  हमले के बाद फौज के जवानों ने स्कूल को चारों ओर से घेर लिया और सारे रास्ते बंद कर दिए. बता दें तहरीक-ए-तालिबान पाकिस्तान ने इस हमले की जिम्मेदारी ली है. तालिबान प्रवक्ता मुहम्मद खुरासनी ने स्कूल पर हमले को जायज ठहराया. खुरासनी ने कहा उत्तरी वजीरिस्तान और खैबर इलाकों में चल रही फौजी कार्रवाइयों में उनके कबीलों के मासूम बच्चे और औरतें मारे जा रहे हैं. उसने कहा है कि तालिबान के फिदायीनों ने स्कूल में प्रवेश किया है लेकिन उन्हें बच्चों को नुकसान नहीं पहुंचाने और सिर्फ सेना के लोगों को निशाना बनाने की हिदायत थी. तालिबान प्रवक्ता ने कहा कि यह हमला उत्तरी वजीरिस्तान में सेना की कार्रवाई का बदला लेने के लिए किया गया. उसने यह भी कहा कि ‘हमने स्कूल को निशाना बनाया, क्योंकि सेना हमारे परिवारों को निशाना बनाती है. हम चाहते हैं कि वे हमारा दर्द महसूस करें

सेना ने 500 छात्र-छात्राओं को सुरक्षित निकाल लिया था. पेशावर पहुचकर पाकिस्तानी प्रधानमंत्री नवाज़ शरीफ ने तीन दिनों के राष्ट्रीय शोक की घोषणा की है और कहा कि पाकिस्तान की जमीन से आतंकवाद का पूरी तरह खात्मा कर देंगे.

5)  घंटों चले इस अभियान में सुरक्षाबलों को स्कूल में बिछे विस्‍फोटकों के कारण आगे बढऩे में परेशानी का सामना करना पड़ा. चरमपंथियों के मारे जाने के बाद सेना ने सबसे पहले सभी विस्‍फोटकों को हटाकर स्कूल को अपने कब्जे में लिया.

6)  स्थानीय समय रात 8 बजे पाकिस्तानी अधिकारियों ने हमले में शामिल सभी हमलावरों के मारे जाने और सेनी की कारवाई समाप्त होने की जानकारी दी.

7)  पेशावर के आर्मी स्कूल में गत मंगलवार को हुए आतंकी हमले के बाद पूरा पाकिस्तान सदमे में है. पेशावर की गलियों में मातम का माहौल बना हुआ है.

बचाए गए बच्चों ने स्कूल से बहर आने के बाद बताया आँखों देखा हल जो दिल दहला देनेवाला था. बता दें कि ऑपरेशन के दौरान स्कूल से बाहर आए एक छात्र ने बताया कि हमले के समय अधिकांश बच्चे अडिटोरियम में थे. स्कूल में परीक्षा भी चल रही थी. उसने बताया कि कैंटीन की ओर से 5-6 लोग आते दिखे. जब तक कोई कुछ समझ पाता, उन्होंने गोलीबारी शुरू कर दी. आतंकी 1-1 कक्षा में गए और बच्चों को मारते चले गए. बच्चों ने बताया कि जैसे ही आतंकी घुसे, शिक्षक ने हमें सिर नीचे करने को कहा, फिर सेना आई और हम भागे. बाहर निकले तो गलियारे में बच्चे और शिक्षक घायल पड़े थे.

पेशावर हमले के बाद पाक में है बेहद खौफनाक हालात:

पाकिस्तान को पूरी तरह से हिला देनेवाले आतंकी हमले का खौफ अभी तक लोगों के दिल में बसा है. लोग बहुत डरे और सहमें हुए हैं. पाकिस्तान के पेशावर में हुई आतंकी वारदात को इस खौफनाक तरीके से अंजाम दिया गया कि किसी भी इंसान की रूह कांप जाए. कभी मासूम बच्चों को लाइनों में खड़े करके मारा गया तो वहीं बच्चों के सामने ही एक टीचर को जिंदा जला दिया गया. यह हादसा इतना खौफनाक था कि इसकी कवरेज कर रही पाकिस्तानी न्यूज एंकर भी रो पड़ी.

1)   आतंकियों ने दरिंदगी की सारी हदें पार करते हुए आर्मी स्कूल के एक टीचर को मासूम बच्चों के सामने ही जला डाला. इतना ही नहीं, बच्चों के मजबूर किया गया कि वे इस वारदात को आंखें खोलकर देखें.

2)   एक आतंकी ने क्लास में घुसकर पहले बच्चों को गिना, और फिर खुद को उड़ा लिया. क्लास में कुल 60 बच्चे थे, जिससे कई बच्चों ने वहीं दम तोड़ दिया.

3)   किसी की छाती, तो किसी के सिर में गोली मारी गई. हॉस्पिटल में इलाज करवा रहे 17 साल के छात्र ने बताया कि बंदूकधारियों ने क्लास रूम में घुसते ही अंधाधुंध फायरिंग शुरू कर दी. उसने कहा, मैं छुप गया. मेरी आंखों के सामने मेरे दोस्त मारे जा रहे थे.

4)   हादसा इतना डरावना था कि अस्पताल में बच्चों का इलाज कर रहे डॉक्टर भी कांप रहे थे.

5)   घटनास्थल पर मौजूद एक प्रत्यक्षदर्शी ने बताया कि जैसी ही फायरिंग शुरू हुई, वैसे ही टीचर्स ने छात्रों को झुक जाने का निर्देश दिया. कुछ ही देर ही फायरिंग के बाद स्कूल के गलियारे में कई छात्रों की लाशें बिखरी पड़ी थीं.

6)   बच्चों को लाइन में खड़ा करके उन पर गोलियां बरसाईं. एक स्‍टूडेंट ने कहा कि आतंकी भागते हुए बच्‍चों पर तब तक फायरिंग करते रहे, जब तक बच्‍चे मर नहीं गए.

हैवानियत का नाच नाचनेवालों को होगी फांसी:

वहीँ दूसरी और इस बर्बर हत्या में आतंकवाद के खिलाफ लड़ने के लिए पाक के प्रधानमंत्री ने सख्त कदम उठाते हुए राजनीतिक दलों की मीटिंग में बताया कि आतंकवादी मुकदमों में फांसी की सजा पर 6 साल से जरी रोक हटा ली गई है. वहीँ पाक राष्ट्रपति ममनून हुसैन ने 2012 से पेंडिंग 8 आतंकवादियों की दया याचिकाएं ख़ारिज कर दी है. इसके बाद आतंकियों को फांसी पर लटकाए जाने के आदेश भी जारी कर दिए. पाक के गृह मंत्रालय के अनुसार फंसी की सजा पा चुके 8 हजार से ज्यादा दोषियों को कुछ हफ़्तों में फांसी दी जा सकती है.

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